अब छोड़ भी दो जाने दो
हो गई है शाम सनम
कल आऊंगी वादा है
मत कर दीवानापन

ए मेरे महबूब मेरी दिलरुबा
तेरे आने से रौशन हुई ये जहां है,
क्यों तू जाने की जिद करती है।
तेरे आने के वादे ,कई बार किए तूने,
तू नहीं आती ,तो मेरी जान निकल जाती है
अब छोड़ भी दो जाने दो
हो गई है शाम सनम।